महाराष्ट्र के उपमुख्यमंत्री अजित पवार का गुरुवार को पूरे राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया। अंतिम यात्रा के दौरान बारामती में भारी संख्या में लोग उमड़े। शोकाकुल माहौल के बीच मंच के सामने मौजूद लोगों ने “अजित दा अमर रहे” के नारे लगाए और अपने लोकप्रिय नेता को अंतिम विदाई दी।
बुधवार शाम को अजित पवार का पार्थिव शरीर पुणे जिले के बारामती स्थित एक शिक्षण संस्थान में लाया गया था। वहां राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के कार्यकर्ताओं के साथ बड़ी संख्या में स्थानीय लोग भी श्रद्धांजलि देने पहुंचे। देर रात तक लोगों का आना-जाना लगा रहा और पूरे इलाके में शोक का माहौल बना रहा।
अजित पवार और चार अन्य लोगों की बुधवार सुबह बारामती हवाई अड्डे के पास हुए विमान हादसे में मौत हो गई थी। यह हादसा उस समय हुआ, जब निजी विमान लैंडिंग की कोशिश कर रहा था। 66 वर्षीय अजित पवार के निधन से न सिर्फ महाराष्ट्र की भाजपा नेतृत्व वाली गठबंधन सरकार को बड़ा झटका लगा है, बल्कि उनकी पार्टी राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के भविष्य को लेकर भी चर्चाएं तेज हो गई हैं।

विमान का ब्लैक बॉक्स की होगी जांच
हादसे की जांच को लेकर अधिकारियों ने बताया कि दुर्घटनाग्रस्त विमान से बरामद ब्लैक बॉक्स की जांच की जाएगी। ब्लैक बॉक्स में फ्लाइट डेटा रिकॉर्डर और कॉकपिट वॉयस रिकॉर्डर शामिल हैं, जिनके जरिए हादसे के असली कारणों का पता लगाने की कोशिश की जा रही है। जांच की जिम्मेदारी विमान दुर्घटना जांच ब्यूरो को सौंपी गई है।
इस विमान हादसे में जान गंवाने वाले अजित पवार के निजी सुरक्षा अधिकारी विदिप जाधव का अंतिम संस्कार भी बुधवार देर रात सतारा जिले में उनके पैतृक गांव में किया गया। जाधव के साथ हादसे में एक सहायक और चालक दल के दो सदस्यों की भी मौत हुई थी। गुरुवार को अजित पवार पंचतत्व में विलीन हो गए और उनके बेटों पार्थ पवार और जय पवार ने उन्हें मुखाग्नि दी।




















