मध्य प्रदेश के कटनी में नगर पुलिस अधीक्षक (CSP) नेहा पच्चीसिया के खिलाफ जमीन सौदे से जुड़े मामले में FIR दर्ज की गई है। यह कार्रवाई भोपाल सतर्कता शाखा की शिकायत और जबलपुर जोन के निर्देश के बाद कुठला थाने में की गई।
मामला कुठला थाना क्षेत्र के कन्हवारा स्थित खसरा नंबर 2618/1 की जमीन से जुड़ा है। शिकायत और जांच में जमीन की कीमत तथा रजिस्ट्री की रकम के बीच बड़े अंतर का उल्लेख किया गया है।
आरोप है कि शासकीय गाइडलाइन के अनुसार जमीन की कीमत 82 लाख 86 हजार रुपये से अधिक थी, लेकिन इसकी रजिस्ट्री कथित तौर पर सिर्फ 18.20 लाख रुपये में कराई गई। इसमें 15 लाख रुपये चेक और 3.20 लाख रुपये नकद दर्शाए गए।
पुलिस दबाव के इस्तेमाल का आरोप
शिकायत में आरोप लगाया गया है कि पुलिस कार्रवाई और कथित दबाव का इस्तेमाल कर रमेश लोधी से जमीन की रजिस्ट्री कराई गई। इसके बाद जमीन का नामांतरण भी कराया गया।
जांच के बाद पुलिस ने मामले को कथित संदिग्ध सांठगांठ और फर्जीवाड़े से जोड़ते हुए कार्रवाई की। FIR में CSP नेहा पच्चीसिया, क्षितिज राज बारापात्रे और मारूफ अहमद हनफी के खिलाफ BNS की धारा 61, 198, 199(ब), 308(7) और 318(4) के तहत मामला दर्ज किया गया है।
मामले में तत्कालीन कुठला थाना प्रभारी राजेंद्र मिश्रा की भूमिका को लेकर भी आरोप लगाए गए हैं।
रजिस्ट्री के दिन खातों में आई रकम
जबलपुर की अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अनु बेनीवाल की जांच में जमीन खरीदने वाले बताए गए मारूफ अहमद हनफी के बैंक खाते को लेकर भी सवाल उठे हैं।
जांच रिपोर्ट के मुताबिक, रजिस्ट्री के दिन यानी 15 अप्रैल 2026 को उसके खाते में दो अलग-अलग खातों से रकम ट्रांसफर की गई। इसमें ‘शाइन पार्टनर्स’ से 10 लाख रुपये और क्षितिज राज बारापात्रे के खाते से 5 लाख रुपये ट्रांसफर किए जाने की बात सामने आई है।
जांच में यह भी दावा किया गया है कि दोनों खातों में एक ही PAN नंबर दर्ज था। जांच अधिकारियों ने इस तथ्य को भी मामले में महत्वपूर्ण माना है।
हाईकोर्ट से याचिका खारिज होने के बाद कार्रवाई
इस मामले में मध्य प्रदेश हाईकोर्ट में याचिका भी दायर की गई थी। याचिका खारिज होने के बाद FIR दर्ज किए जाने की कार्रवाई हुई।
नेहा पच्चीसिया पहले भी विवादों में रही हैं। उनके खिलाफ ट्रांसफर से कथित अवैध वसूली के आरोप सामने आने के बाद कटनी एसपी ने उनसे तीन थानों का प्रभार वापस ले लिया था।

















