Bhopal News: भोपाल में इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) के क्रिकेटर शशांक सिंह और उनके पिता, रिटायर्ड आईपीएस अधिकारी शैलेश सिंह के खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज किया गया है। यह कार्रवाई उनके घर में काम करने वाले एक कुक की शिकायत के आधार पर की गई है। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया है कि उसके साथ मारपीट की गई, गाली-गलौज की गई और उसे जबरन घर में रोककर रखा गया।
पुलिस ने मामले में परिवार के ड्राइवर को भी आरोपी बनाया है। फिलहाल रतिबाद थाना पुलिस पूरे घटनाक्रम की जांच कर रही है और संबंधित लोगों से पूछताछ की जा रही है।
जानकारी के मुताबिक, रीवा निवासी 31 वर्षीय विपेंद्र सिंह तोमर हाल ही में भोपाल स्थित शशांक सिंह के घर पर कुक के रूप में काम करने पहुंचे थे। उन्होंने पुलिस को दिए आवेदन में आरोप लगाया कि नौकरी शुरू करने के कुछ ही समय बाद उनके साथ अभद्र व्यवहार किया गया। शिकायत के आधार पर रतिबाद थाने में मामला दर्ज कर लिया गया है।
नौकरी के साथ किए गए थे कई वादे
शिकायतकर्ता का कहना है कि उन्हें एक परिचित भोपाल लेकर आया था। नौकरी के बदले उन्हें 15 हजार रुपये मासिक वेतन, रहने-खाने की सुविधा और भविष्य में सरकारी नौकरी दिलाने में सहयोग का आश्वासन दिया गया था।
हालांकि, उनका आरोप है कि काम शुरू होने के कुछ घंटे बाद ही माहौल बदल गया और उन्हें लगातार अपमानजनक व्यवहार का सामना करना पड़ा।
कुक ने आरोप लगाया है कि जब उन्होंने नौकरी छोड़कर वापस जाने की इच्छा जताई तो उनका मोबाइल फोन छीन लिया गया, ताकि वह किसी से संपर्क न कर सकें। उन्होंने यह भी दावा किया कि उन्हें जबरन वहीं रुकने के लिए दबाव बनाया गया।
शिकायत के अनुसार, डर के कारण उन्होंने खुद को एक कमरे में बंद कर लिया था, लेकिन बाद में कमरे का दरवाजा खुलवाकर उनके साथ मारपीट की गई।
मेडिकल जांच में चोटों की पुष्टि
पुलिस के मुताबिक, शिकायतकर्ता का मेडिकल परीक्षण कराया गया, जिसमें शरीर और चेहरे पर चोट के निशान मिलने की पुष्टि हुई है। मेडिकल रिपोर्ट और लिखित शिकायत के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है।
रतिबाद थाना पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के तहत एफआईआर दर्ज की है। इसमें मारपीट, अभद्र भाषा का प्रयोग और साझा आपराधिक दायित्व से जुड़ी धाराएं शामिल हैं। फिलहाल पुलिस मामले के सभी पक्षों के बयान दर्ज कर रही है। जांच पूरी होने के बाद उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
















