सोशल मीडिया से उभरी ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ यानी CJP को लेकर अब राष्ट्रीय राजनीति में भी हलचल दिखाई देने लगी है। कांग्रेस नेता उदित राज ने इस ऑनलाइन अभियान को जनता के गुस्से और असंतोष की अभिव्यक्ति बताते हुए कहा है कि ऐसे आंदोलनों को मजबूत राजनीतिक नेतृत्व की जरूरत होती है।
उदित राज ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर पोस्ट करते हुए कहा कि CJP जैसे अभियान तभी लंबे समय तक प्रभावी रह सकते हैं, जब वे उन राजनीतिक और सामाजिक ताकतों के साथ जुड़ें जो मौजूदा सरकार का विकल्प बनने की क्षमता रखते हों। उन्होंने दावा किया कि भाजपा और आरएसएस के खिलाफ लोकतांत्रिक लड़ाई को व्यापक रूप देने के लिए विपक्षी एकजुटता जरूरी है।
राहुल गांधी के नेतृत्व का किया जिक्र
पूर्व सांसद उदित राज ने CJP के संस्थापक अभिजीत दीपके को सलाह देते हुए कहा कि राहुल गांधी ही इस ऊर्जा को संविधान और लोकतंत्र की रक्षा के बड़े आंदोलन में बदल सकते हैं। उन्होंने कहा कि अगर यह आंदोलन अलग-अलग दिशाओं में बिखर गया तो इसका असर कमजोर पड़ सकता है।
उदित राज ने अभिजीत दीपके को अंबेडकरवादी विचारधारा से जुड़ा बताते हुए कहा कि उन्हें समझना चाहिए कि भाजपा को राजनीतिक रूप से चुनौती देने की वास्तविक क्षमता किसके पास है। उनके इस बयान के बाद सोशल मीडिया पर नई बहस शुरू हो गई है।
तृणमूल कांग्रेस ने भी जताया समर्थन
कॉकरोच जनता पार्टी को लेकर तृणमूल कांग्रेस की प्रतिक्रिया भी सामने आई है। पार्टी के राज्यसभा सांसद डेरेक ओ’ब्रायन ने कहा कि ममता बनर्जी और अभिषेक बनर्जी इस ऑनलाइन अभियान का समर्थन करते हैं। उन्होंने कहा कि पार्टी लोकतांत्रिक लड़ाई जारी रखने पर ध्यान केंद्रित कर रही है।
‘कॉकरोच जनता पार्टी’ की शुरुआत अमेरिका के बोस्टन में रहने वाले अभिजीत दीपके ने की थी। यह अभियान उस विवाद के बाद तेजी से चर्चा में आया जिसमें बेरोजगार युवाओं की तुलना ‘कॉकरोच’ से किए जाने का आरोप लगा था।
हालांकि अब इस अभियान से जुड़े कई सोशल मीडिया हैंडल और वेबसाइट बंद हो चुके हैं। इसके बावजूद CJP को लेकर राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर चर्चाएं लगातार जारी हैं। सबसे बड़ा सवाल यही बना हुआ है कि क्या यह ऑनलाइन अभियान भविष्य में किसी संगठित राजनीतिक शक्ति का रूप ले पाएगा।


















