भारत और अमेरिका के रिश्तों में बीते कुछ महीनों से तनाव देखने को मिल रहा है। इसी बीच अमेरिका ने वहां पढ़ाई कर रहे भारतीय छात्रों को लेकर सख्त रुख अपनाया है। भारत में स्थित United States Embassy ने साफ चेतावनी दी है कि अमेरिकी कानूनों का उल्लंघन करने पर छात्रों का स्टूडेंट वीजा रद्द किया जा सकता है और उन्हें देश से बाहर भी किया जा सकता है।
अमेरिकी दूतावास ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जारी अपने बयान में कहा कि अगर कोई छात्र अमेरिका में रहते हुए कानून तोड़ता है या किसी मामले में गिरफ्तार होता है तो इसके गंभीर परिणाम हो सकते हैं। दूतावास ने लिखा कि ऐसी स्थिति में न केवल वीजा रद्द किया जा सकता है, बल्कि भविष्य में अमेरिकी वीजा पाने पर भी रोक लग सकती है। संदेश में यह भी स्पष्ट किया गया कि अमेरिकी वीजा कोई अधिकार नहीं, बल्कि एक सुविधा है।
यह चेतावनी ऐसे समय आई है जब अमेरिकी राष्ट्रपति Donald Trump के प्रशासन ने इमिग्रेशन नियमों को और सख्त कर दिया है। दूतावास इससे पहले भी भारत से अमेरिका जाने वाले अवैध अप्रवासियों को लेकर कड़ी सार्वजनिक चेतावनियां जारी कर चुका है। इनमें कहा गया था कि इमिग्रेशन कानून तोड़ने पर भारी आपराधिक सजा का सामना करना पड़ सकता है।
अमेरिकी दूतावास ने अपने एक पुराने संदेश में यह भी कहा था कि ट्रंप प्रशासन अमेरिका में गैर-कानूनी इमिग्रेशन को पूरी तरह खत्म करने और देश की सीमाओं की सुरक्षा को लेकर प्रतिबद्ध है। इसी सख्ती का असर अब स्टूडेंट वीजा और अन्य वीजा श्रेणियों पर भी साफ नजर आने लगा है।
आंकड़ों के मुताबिक, वीजा नियमों के कड़े होने के कारण पिछले साल अमेरिका में नए इंटरनेशनल स्टूडेंट एनरोलमेंट में करीब 17 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई है। वहीं, कुशल विदेशी कर्मचारियों के लिए जारी किए जाने वाले H-1B वीजा के आवेदकों को भी पहले के मुकाबले काफी लंबे इंतजार का सामना करना पड़ रहा है, जिससे भारतीय छात्रों और पेशेवरों में चिंता बढ़ गई है।




















