भागीरथपुरा हादसा पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने दुख जताया है और मृतकों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उपचार रत प्रभावितों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की है।
इंदौर के भागीरथपुरा बस्ती में डायरिया के प्रकोप को लेकर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने गंभीर चिंता व्यक्त की और इस घटना को लेकर इंदौर जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश जारी किए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि सभी प्रभावित नागरिकों को समुचित त्वरित और गुणवत्तापूर्ण इलाज मुहैया कराया जाए।
परिवारों को दी जाएगी आर्थिक सहायता
मुख्यमंत्री डॉ यादव ने कहा कि मृतकों के परिवारजन को 2-2 लाख रुपये की सहायता राशि दी जाएगी। इसके साथ ही निर्देश दिए गए हैं कि मरीजों के इलाज का पूरा खर्च सरकार वहन करेगी।
पेयजल के संक्रमित या दूषित होने के कारण नागरिकों का स्वास्थ्य बिगड़ने की स्थिति पर नजर रखने और प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश यथा समय संबंधित अधिकारियों को दिए गए। भागीरथपुरा की घटना पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रभावितों के समुचित और गुणवत्तापूर्ण इलाज के दिये निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने घटना को गंभीरता से लेते हुए इंदौर जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि सभी प्रभावितों का समुचित, त्वरित और गुणवत्तापूर्ण उपचार सुनिश्चित किया जाए।
उपचार में कोई कमी ना रहे- मुख्यमंत्री डॉ यादव
मुख्यमंत्री डॉ यादव ने कहा है कि उपचार व्यवस्था में किसी भी प्रकार की कमी नहीं रखी जाए, इस बारे में पूर्व में ही निर्देश दे दिए गए हैं। अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि पीड़ितों को आवश्यक दवाइयां, विशेषज्ञ चिकित्सकीय सेवाएं और सभी जरूरी संसाधन तत्काल उपलब्ध करवाई जाएं, ताकि किसी भी मरीज को परेशानी का सामना नहीं करना पड़े।
प्रशासन द्वारा सतत निगरानी
कलेक्टर, इंदौर शिवम वर्मा ने बताया कि इंदौर जिला प्रशासन द्वारा सतत निगरानी रखी जा रही है। स्वास्थ्य विभाग को उपचार की नियमित समीक्षा करने के निर्देश भी दिए गए हैं। मुख्यमंत्री डॉ यादव के निर्देशों के बाद इंदौर प्रशासन और स्वास्थ्य अमला पूरी तत्परता के साथ उपचार में जुटा हुआ है। घटना के कारण का पता करने के लिए विस्तृत जांच करवाई जा रही है।



















