वास्तु शास्त्र (Vastu Shastra) के अनुसार, घर में रखी हर वस्तु हमारे जीवन, रिश्तों और भाग्य पर असर डालती है। कुछ चीजें ऐसी होती हैं जो घर के वास्तु दोषों (Vastu Dosh) को दूर करती हैं। उनमें से एक है हाथी की मूर्ति (Elephant Statue)। इसे शक्ति, बुद्धि और समृद्धि का प्रतीक माना गया है। आइए जानते हैं कि हाथी की मूर्ति घर में कहां और कैसे रखनी चाहिए ताकि सकारात्मक ऊर्जा बनी रहे।
हाथी की मूर्ति का महत्व
वास्तु शास्त्र में हाथी को शक्ति और समृद्धि का प्रतीक माना गया है। कहा जाता है कि घर में हाथी की मूर्ति रखने से जीवन में स्थिरता, आत्मविश्वास और सौभाग्य बढ़ता है। यह न सिर्फ मानसिक शांति देती है बल्कि परिवार के सदस्यों के बीच एकता और प्रेम भी बनाए रखती है।
किस दिशा में रखें मूर्ति
हाथी की मूर्ति रखने के लिए घर का उत्तर-पूर्व (North-East) कोना सबसे शुभ माना गया है। यह दिशा समृद्धि और आध्यात्मिक विकास से जुड़ी होती है। इस दिशा में मूर्ति रखने से सकारात्मक ऊर्जा और आर्थिक प्रगति होती है। मूर्ति का मुख हमेशा उत्तर या उत्तर-पूर्व की ओर होना चाहिए।
दक्षिण-पूर्व दिशा भी है शुभ
आप चाहें तो हाथी की मूर्ति को दक्षिण-पूर्व (South-East) दिशा में भी रख सकते हैं। यह दिशा धन और समृद्धि से जुड़ी मानी जाती है। यहां मूर्ति रखने से आर्थिक स्थिरता और नए अवसरों की प्राप्ति होती है। ध्यान रखें कि बहुत बड़ी मूर्ति न रखें। इससे घर का संतुलन बिगड़ सकता है।
किन दिशाओं से बचें
वास्तु के अनुसार हाथी की मूर्ति को दक्षिण-पश्चिम (South-West) दिशा में रखने से बचना चाहिए। यह दिशा स्थिरता का प्रतीक है, और यहां मूर्ति रखने से ऊर्जा प्रवाह में बाधा आती है, जिससे नकारात्मक असर पड़ सकता है।
कैसी हो मूर्ति
घर में हमेशा ऐसी हाथी की मूर्ति रखें जिसकी सूंड़ ऊपर की ओर उठी हो। यह शुभता और सकारात्मकता का प्रतीक होती है। नीचे की ओर सूंड़ वाली मूर्तियां घर में नहीं रखनी चाहिए। छोटी और सुंदर मूर्ति शुभ मानी जाती है।
कहां रखें मूर्ति
हाथी की मूर्ति पीतल, संगमरमर या लकड़ी से बनी होनी चाहिए। इन्हें वास्तु में शुभ माना गया है। आप इसे लिविंग रूम, स्टडी रूम या वर्कप्लेस में रख सकते हैं। यह न सिर्फ सौभाग्य लाती है बल्कि घर का माहौल भी शांत और सकारात्मक बनाती है।





















