देश के प्रख्यात मूर्तिकार और पद्म भूषण सम्मानित राम वंजी सुतार का लंबी बीमारी के बाद निधन हो गया है। ‘स्टैच्यू ऑफ यूनिटी’ जैसी विश्वप्रसिद्ध प्रतिमा को आकार देने वाले इस महान कलाकार ने 100 वर्ष की आयु में नोएडा स्थित अपने निवास पर अंतिम सांस ली। उनके परिवार ने बताया कि आज सेक्टर-94 में उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा।
राम सुतार ने अपने करियर में न केवल दुनिया की सबसे ऊंची प्रतिमा सरदार वल्लभभाई पटेल की ‘स्टैच्यू ऑफ यूनिटी’ बनाई, बल्कि महात्मा गांधी की कई ध्यानमग्न मुद्रा वाली प्रतिमाएं भी देश-विदेश में स्थापित कीं। उनकी कला ने भारत की सांस्कृतिक और राष्ट्रीय विरासत को पत्थर में अमर कर दिया।
1925 में महाराष्ट्र के एक साधारण परिवार में जन्मे सुतार ने अपनी छेनी और हथौड़ी से इतिहास रचा। उनके बेटे अनिल सुतार भी एक कुशल शिल्पकार हैं और पिता की कलात्मक विरासत को आगे बढ़ा रहे हैं। राम सुतार के निधन से कला जगत में शोक की लहर दौड़ गई है। उनकी रचनाएं देश की गौरवगाथा को सदैव संजोए रखेंगी।

















