SIR News Update: निर्वाचन आयोग ने विशेष सघन पुनरीक्षण अभियान की समय सीमा को सात दिन और बढ़ा दिया है। अब यह प्रक्रिया 11 दिसंबर तक चलेगी। इस अभियान के दूसरे चरण में 12 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में वोटर लिस्ट को अपडेट किया जा रहा है, जिनमें अंडमान और निकोबार, छत्तीसगढ़, गोवा, गुजरात, केरल, लक्षद्वीप, मध्य प्रदेश, पुडुचेरी, राजस्थान, तमिलनाडु, उत्तर प्रदेश और पश्चिम बंगाल शामिल हैं।
चुनाव आयोग ने बताया कि समय सीमा बढ़ाने का उद्देश्य पोलिंग स्टेशनों को व्यवस्थित करना और उन सभी बिंदुओं की दोबारा जांच करना है, जिनका सीधा असर वोटरों की सुविधा पर पड़ता है। कंट्रोल टेबल के अपडेट और ड्राफ्ट रोल तैयार करने की नई तारीखें 12 से 15 दिसंबर रखी गई हैं। ड्राफ्ट इलेक्टोरल रोल 16 दिसंबर को प्रकाशित किया जाएगा। दावे और आपत्तियां दर्ज कराने का समय 16 दिसंबर 2025 से 15 जनवरी 2026 तक रखा गया है।
चुनाव आयोग का कहना है कि यह पूरा पुनरीक्षण अभियान इस बात को सुनिश्चित करने के लिए किया जा रहा है कि वोटर लिस्ट पूरी तरह सही हो, किसी भी पात्र मतदाता का नाम छूटा न रह जाए और सभी विवरण अपडेट हों। आयोग विशेष रूप से उन राज्यों पर ध्यान दे रहा है जहां आने वाले महीनों में महत्वपूर्ण विधानसभा चुनाव होने हैं, जिनमें पश्चिम बंगाल और उत्तर प्रदेश भी शामिल हैं।
बढ़ी हुई समय सीमा के साथ मतदाताओं को अपनी जानकारी जांचने, किसी भी गलती को ठीक कराने और जरूरत पड़ने पर अपनी आपत्तियां दर्ज कराने का और अधिक समय मिलेगा। अधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि वे इस अवसर का पूरा फायदा उठाएं, ताकि आगे होने वाले चुनावों में वोट देने का मौका न छूटे।

















