समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव ने उत्तर प्रदेश विधान परिषद चुनाव के लिए पार्टी के उम्मीदवारों के नाम घोषित कर दिए हैं। लखनऊ में सोमवार को हुई पार्टी बैठक के बाद उन्होंने शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों के प्रत्याशियों की जानकारी दी। राज्यसभा उम्मीदवारों को लेकर पूछे गए सवाल पर अखिलेश ने कहा कि नाम सुनकर लोग आश्चर्यचकित रह जाएंगे।
सपा ने शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों में लाल बिहारी यादव को मिर्जापुर-वाराणसी सीट से फिर उम्मीदवार बनाया है। लखनऊ से सुशील कुमार, आगरा से प्रकाश चंद्र गुप्ता और गोरखपुर-फैजाबाद सीट से कमलेश यादव को प्रत्याशी घोषित किया गया। अखिलेश ने लाल बिहारी यादव की तारीफ भी की और पार्टी उम्मीदवारों के लिए समर्थन मांगा।
सपा MLC उम्मीदवारों की सूची में शिक्षक और स्नातक सीटें
स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों के लिए पार्टी ने मुरादाबाद से दानिश अख्तर, लखनऊ से कांति सिंह, मेरठ से डॉ. नितिन तोमर और वाराणसी से आशुतोष सिन्हा को उम्मीदवार बनाया है। इलाहाबाद से मान सिंह यादव, आगरा से शशांक यादव और मेरठ खंड से डॉ. परमिंदर भाटी चुनाव लड़ेंगे।
अखिलेश यादव ने कहा कि उन्हें सभी प्रत्याशियों को सहयोग और समर्थन मिलने की उम्मीद है। उन्होंने विश्वास जताया कि पार्टी के उम्मीदवार चुनाव जीतेंगे। राज्यसभा के नामों पर उनकी टिप्पणी के अलावा बैठक में पार्टी के चुनावी मुद्दों और उत्तर प्रदेश की भाजपा सरकार को लेकर भी बात हुई।
सरकार बनने पर पुरानी पेंशन बहाली का वादा
अखिलेश ने कहा कि उत्तर प्रदेश में समाजवादी पार्टी की सरकार बनने पर राज्य कर्मचारियों के लिए पुरानी पेंशन योजना फिर लागू की जाएगी। इसे वित्तीय रूप से किस तरह लागू किया जाएगा, इसका विवरण पार्टी के घोषणापत्र में देने की बात उन्होंने कही। वित्तविहीन शिक्षकों के लिए सम्मानजनक मानदेय की व्यवस्था को भी घोषणापत्र में शामिल करने का आश्वासन दिया।
उन्होंने शिक्षामित्रों को पहले की तरह दोबारा शिक्षक बनने का मौका देने और डिग्री कॉलेजों में सेमेस्टर व्यवस्था खत्म करने की बात भी कही। ये घोषणाएं पार्टी के चुनावी वादों के तौर पर रखी गईं। इन्हें लागू करने की शर्त यह है कि राज्य में सपा की सरकार बने। अखिलेश ने भाजपा सरकार पर कई मुद्दों को लेकर आलोचना भी की, हालांकि उन आरोपों का विस्तृत ब्योरा नहीं दिया।
उन्होंने बताया कि नवरात्र के दौरान पार्टी अपने आधिकारिक चुनावी कार्यक्रमों की घोषणा करेगी। विधान परिषद चुनाव की अधिसूचना 29 सितंबर को जारी होनी है। नामांकन दाखिल करने की अंतिम तारीख 6 अक्टूबर तय है, जबकि 7 अक्टूबर को नामांकन पत्रों की जांच और 9 अक्टूबर को नाम वापसी होगी।
चुनाव कार्यक्रम के अनुसार मतदान 23 अक्टूबर को होगा और मतगणना 27 अक्टूबर को की जाएगी। घोषित प्रत्याशियों के लिए अब नामांकन की प्रक्रिया अहम अगला चरण है।
















