19.1 C
Indore
Thursday, January 15, 2026
HomeबिहारBihar Election 2025 Exit Poll: NDA को बहुमत का अनुमान, BJP सबसे...

Bihar Election 2025 Exit Poll: NDA को बहुमत का अनुमान, BJP सबसे बड़ी पार्टी, JDU दूसरे नंबर पर, RJD को मिलेगी इतनी सीटें

Date:

बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के दोनों चरणों की वोटिंग पूरी हो चुकी है। पहले चरण में 6 नवंबर को 121 और दूसरे चरण में 11 नवंबर को 122 सीटों पर मतदान हुआ। अब पोल के अनुमान के अनुसार, एनडीए (NDA) गठबंधन को स्पष्ट बहुमत मिलने की संभावना जताई जा रही है, जबकि महागठबंधन (Mahagathbandhan) पिछड़ता दिख रहा है।

रिपोर्ट के मुताबिक, भाजपा (BJP) इस बार बिहार में सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभर रही है। जेडीयू (JDU) 59 से 68 सीटों पर और राजद (RJD) 51 से 63 सीटों पर बढ़त के अनुमान में है। कांग्रेस को नुकसान होने की संभावना है, जबकि मुकेश सहनी की वीआईपी पार्टी का खाता खुलना मुश्किल बताया जा रहा है।

NDA को स्पष्ट बढ़त, महागठबंधन पिछड़ा

रिपोर्टर्स के मुताबिक, एनडीए गठबंधन 130 से ज्यादा सीटें हासिल कर सकता है। इसमें भाजपा का प्रदर्शन सबसे दमदार बताया जा रहा है, जबकि जेडीयू ने दूसरे चरण में अच्छा प्रदर्शन किया है। दूसरी ओर, महागठबंधन की कुल सीटें 73 से 91 के बीच रहने का अनुमान है। आरजेडी और कांग्रेस दोनों को नुकसान की संभावना जताई गई है।

जन सुराज और AIMIM को सीमित सफलता

प्रशांत किशोर की पार्टी जन सुराज (Jan Suraaj) तीन सीटों पर कड़े मुकाबले में बताई जा रही है। यह पहली बार है जब जन सुराज किसी राज्य चुनाव में सीधी चुनौती दे रही है। वहीं, असदुद्दीन ओवैसी (Asaduddin Owaisi) की एआईएमआईएम (AIMIM) सिर्फ एक सीट तक सीमित रहने के आसार हैं।

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि सीमांचल में एआईएमआईएम का असर इस बार सीमित रहा है और पार्टी को मुस्लिम वोटों का पूरा लाभ नहीं मिल पाया।

कई सीटों पर है कड़ा मुकाबला

बिहार की कई वीआईपी सीटों पर जोरदार टक्कर देखने को मिल रही है। इनमें डिप्टी सीएम विजय सिन्हा की लखीसराय, मैथिली ठाकुर की अलीनगर, तेजप्रताप यादव की महुआ, रामकृपाल यादव की दानापुर और सम्राट चौधरी की तारापुर सीट शामिल हैं। इन सीटों पर एनडीए और महागठबंधन के बीच कांटे की टक्कर बनी हुई है और नतीजे किसी भी दिशा में जा सकते हैं।

मतगणना 14 नवंबर को, टकराव की उम्मीद

राजनीतिक माहौल गरम है और अब सबकी निगाहें 14 नवंबर पर टिकी हैं, जब वोटों की गिनती होगी। बिहार में यह चुनाव एनडीए के लिए सत्ता बचाने और तेजस्वी यादव के लिए भविष्य की साख तय करने वाला माना जा रहा है।

रिपोर्ट्स के अनुसार, महिला और युवा वोटरों ने इस चुनाव में निर्णायक भूमिका निभाई है, जिससे अंतिम नतीजों में उलटफेर संभव है।

Related Posts

spot_img
ED कार्रवाई और ममता बनर्जी

ED कार्रवाई और ममता बनर्जी के कथित हस्तक्षेप पर सुप्रीम कोर्ट...

0
पश्चिम बंगाल में प्रवर्तन निदेशालय (ED) की कार्रवाई और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के कथित हस्तक्षेप से जुड़ा मामला अब देश की सर्वोच्च अदालत तक...

मध्य प्रदेश